आ’तंकियों को बचाने आए कश्मीरी पत्थरबाज खुद भी नहीं बच पाए-सेना के जवानों ने उनको भी जमकर तोड़ा

New Delhi : जम्‍मू-कश्‍मीर के कुलगाम में रविवार सुबह से सुरक्षा बलों और आ’तंकियों के बीच मुठभेड़ जारी है। देवसर क्षेत्र के केल्‍‍‍लम गांव में हुई इस मुठभेड़ में सुरक्षा बलों ने 5 आ’तंकियों को मा’र गिराया है। साथ ही उनके पास से हथि’यार और गोला-बारूद भी बरामद‍ किया है।

इलाके में 2-4 आ’तंकियों के छिपे होने की आशंका जताई गई थी। वहीं स्‍थानीय लोगों ने आ’तंकियों के समर्थन में घरों से निकलकर सुरक्षा बलों पर पत्‍थरबाजी की। इसमें सीआरपीएफ के चार जवान घायल हो गए हैं। पत्थरबाजों पर भी जवानों ने लाठीचार्ज किया। जिसमें कई पत्थरबाजों को चोट आई हैं। लाठीचार्ज के बाद पत्थरबाज भाग गए। जम्‍मू और कश्‍मीर पुलिस के अनुसार सुरक्षाबलों को इलाके में आ’तंकियों के छिपे होने की सूचना मिली थी। इस पर सेना की सुरक्षा बलों ने इलाके में तलाशी अभियान चलाया। इसी बीच आ’तंकियों और सुरक्षाबलों के साथ मुठभेड़ शुरू हो गई। इलाके को घेर लिया गया था। साथ ही मोबाइल और इंटरनेट सेवाएं भी बंद कर दी गई थीं। दोनों ओर से गोलीबारी हुई। सेना, सीआरपीएफ और राज्‍य पुलिस संयुक्‍त रूप से यह अभियान चलाया।

बता दें कि जम्मू और कश्मीर में सुरक्षा बलों को जनवरी में बड़ी कामयाबी हाथ लगी थी। कुलगाम में सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में अल-बद्र के सरगना जीनत उल-इस्लाम सहित दो आ’तंकवादी मारे गए थे। पुलिस के अनुसार, ‘‘कटपोरा मुठभेड़ में दो आ’तंकवादी जीनत उल-इस्लाम और शकील डार मारे गए थे। दोनों आ’तंकवाद से जुडे़ अपराध में शामिल थे।’’

इस्लाम ‘ए++’ श्रेणी का आ’तंकवादी था जो पिछले साल नवम्बर में हिजबुल मुजाहिद्दीन को छोड़ अल-बद्र से जुड़ा था। दोनों संगठनों के बीच अल-बद्र को मजबूत करने के लिए हुए समझौते के बाद वह इस (अल-ब्रद) आ’तंकवादी संगठन में शामिल हुआ था।

बता दें कि इससे पहले 6 फरवरी को पुलवामा में सुरक्षा बलों और आ’तंकवादियों के बीच हुई मुठभेड़ में आ’तंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) का एक स्वयंभू जिला कमांडर मारा गया था। पुलिस प्रवक्ता ने बताया था कि पुलवामा जिले के चकोरा इलाके में सेना और पुलिस के एक संयुक्त गश्ती दल पर आ’तंकवादियों की गोलीबारी के बाद मुठभेड़ शुरू हो गई थी। प्रवक्ता ने बताया था, ‘‘इसके बाद, मुठभेड़ में एक आ’तंकवादी मारा गया। मारे गए आ’तंकवादी की पहचान एक स्थानीय निवासी इरफान अहमद शेख के रूप में की गई है।’’

आ’तंकी शेख एलईटी से संबद्ध था और पुलवामा में संगठन के जिला कमांडर के रूप में जाना जाता था। आ’तंकी अपराधों में उसकी सहभागिता के कारण पुलिस को उसकी तलाश थी। प्रवक्ता ने बताया था कि इरफान शेख का एक लंबा आपराधिक इतिहास था जिसमें उसके खिलाफ कई आ’तंकी मामले दर्ज थे। ग्रेनेड हमलों सहित इलाके में सुरक्षा प्रतिष्ठानों पर कई आ’तंकी हमलों और साजिश में वह संलिप्त था।